Manipur attack
Manipur Attack: मणिपुर के बिष्णुपुर जिले में शुक्रवार शाम करीब 5.50 बजे असम राइफल्स के सुरक्षा काफिले पर अज्ञात बंदूकधारियों ने अचानक हमला कर दिया। इस हमले में दो जवान शहीद हो गए और पांच अन्य घायल हुए। घायलों को तुरंत पास के अस्पतालों में ले जाकर इलाज शुरू कर दिया गया।
सुरक्षा अधिकारियों के अनुसार, यह हमला काफिले के इम्फाल से बिष्णुपुर की ओर जा रहे समय हुआ। अज्ञात बंदूकधारियों ने योजना बनाकर जवानों पर घातक कार्रवाई की, जिससे यह घटना और भी गंभीर हो गई।
राज्यपाल की प्रतिक्रिया
मणिपुर के राज्यपाल अजय कुमार भल्ला ने इस हमले को “हिंसा का जघन्य कृत्य” बताया। राजभवन की ओर से जारी बयान में उन्होंने शहीद जवानों के परिवारों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त की और घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना की।
राज्यपाल ने स्पष्ट किया कि ऐसे हिंसक कृत्यों को किसी भी हालत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने चेतावनी दी कि क्षेत्र में शांति और सुरक्षा बनाए रखने के लिए प्रशासन पूरी सतर्कता और कड़े कदम उठाएगा।
पूर्व मुख्यमंत्री की निंदा
मणिपुर के पूर्व मुख्यमंत्री एन बीरेन सिंह ने भी इस हमले की कड़ी निंदा की। उन्होंने इसे राज्य के लिए “क्रूर आघात” बताया। अपने बयान में सिंह ने कहा कि 33 असम राइफल्स के बहादुर जवानों पर घातक हमला राज्य की सुरक्षा और शांति के लिए गंभीर चुनौती है।
सिंह ने शहीद जवानों के परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त करते हुए कहा कि उनका साहस और बलिदान हमेशा याद किया जाएगा। उन्होंने घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की प्रार्थना की और दोषियों को कड़ी से कड़ी सजा देने की मांग की।
बिष्णुपुर हमले ने मणिपुर की सुरक्षा चुनौतियों को फिर से उजागर किया है। राज्य सरकार, पुलिस और सुरक्षा बलों ने शांति बनाए रखने और ऐसे हमलों को रोकने के लिए सतर्कता बढ़ा दी है। शहीद जवानों के परिवारों और घायल जवानों के समर्थन में पूरे राज्य में सहानुभूति का माहौल है।
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