लखनऊ: राज्य स्वच्छ गंगा मिशन–उत्तर प्रदेश के नेतृत्व में और National Mission for Clean Ganga (NMCG) के तकनीकी व वित्तीय सहयोग से संचालित प्रयागराज सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट (STP) परियोजना को प्रतिष्ठित Build India Award से सम्मानित किया गया है।
यह पुरस्कार 24 फरवरी को The Ashoka Hotel में आयोजित समारोह में केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री Nitin Gadkari द्वारा प्रदान किया गया। यह सम्मान परियोजना के अपशिष्ट जल प्रबंधन और नदी पुनरुद्धार में योगदान को मान्यता देता है।
रणनीतिक नेतृत्व और मजबूत निगरानी
प्रयागराज एसटीपी की सफलता राज्य स्वच्छ गंगा मिशन–उत्तर प्रदेश के प्रभावी नेतृत्व का परिणाम है। मिशन ने परियोजना की योजना, पर्यावरण सुरक्षा, हितधारक समन्वय और जनसहभागिता पर विशेष ध्यान दिया।
NMCG ने तकनीकी मार्गदर्शन और वित्तीय सहायता देकर परियोजना को मजबूत आधार प्रदान किया, जिससे गंगा सफाई के तय मानकों को हासिल किया जा सका।
PPP मॉडल से हुआ काम
यह परियोजना हाइब्रिड एन्युइटी आधारित PPP मॉडल पर तैयार की गई। प्रयागराज वाटर लिमिटेड के माध्यम से डिजाइन, निर्माण, वित्तपोषण और संचालन का कार्य किया गया। इसमें उत्तर प्रदेश जल निगम (ग्रामीण) का भी सहयोग रहा।
इस मॉडल ने सरकारी निगरानी और निजी क्षेत्र की कार्यक्षमता को जोड़कर समय पर और गुणवत्तापूर्ण काम सुनिश्चित किया।
326 MLD क्षमता, 81 नालों का उपचार
प्रयागराज एसटीपी की कुल क्षमता 326 MLD है। यह उन 81 नालों के सीवेज का उपचार करता है, जो पहले सीधे गंगा और यमुना में गिर रहे थे।
प्रमुख लाभ:
नदी सफाई: अशोधित सीवेज का प्रवाह रोककर गंगा मिशन को मजबूती।
सार्वजनिक स्वास्थ्य: जलजनित रोगों में कमी।
पर्यावरण संरक्षण: तटीय क्षेत्रों और जैव विविधता को बढ़ावा।
जल पुन: उपयोग: उपचारित पानी का कृषि और अन्य कार्यों में इस्तेमाल।
नवीकरणीय ऊर्जा और आधुनिक तकनीक
परियोजना में सौर ऊर्जा और गैस इंजन का उपयोग किया जा रहा है। नैनी–I STP 1.1 मेगावाट सौर ऊर्जा संयंत्र से संचालित है, जबकि नैनी–II में 80% ऊर्जा नवीकरणीय स्रोतों से मिलती है।
SCADA, DO एनालाइज़र और ऑनलाइन मॉनिटरिंग सिस्टम जैसी आधुनिक तकनीकें पारदर्शिता और बेहतर संचालन सुनिश्चित करती हैं।
पुरस्कार का महत्व
Build India Award इस बात का प्रमाण है कि राज्य और केंद्र सरकार के सहयोग से चलाए गए मॉडल प्रभावी साबित हो रहे हैं।
राज्य स्वच्छ गंगा मिशन–उत्तर प्रदेश के नेतृत्व और NMCG के सहयोग से गंगा और उसकी सहायक नदियों के पुनरुद्धार की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाया गया है।
